Monday, March 28, 2011

हम तो उनके करीब रह कर भी उन्हें छु ना सके,
पता ही ना था की वो मेरे है या नहीं..

3 comments:

Unknown said...

कुछ तो है कहानी पडने वालो को कमल गोस्वामी का नमस्कार
कुछ तो है कहानी का खास मतलब है की भुला दिया हमने आपको मगर तुम फिर भी हमे तुम याद आते हो इसका मतलब कुछ तो है जो मै भुल कर भी भुला नही पा रहा हूँ की कही तो प्यार छुपा है मेरे इस दिल मे जो चाहके भी भुलाया नही जाता और शायद हमे छुपाना ही नही आता कुछ तो है आजकल याद ज्यादा किया करता हूँ आपको कुछ तो किया है तुमने जाते-जाते इस दिल मे जो शायद ही कभी भुला पाउ मै लेकिन कुछ तो से एक बात का पता चलता है शायद दिल आपको भुलाना ही नही चाहता या फिर अकेले मे याद करते रहता है आपकी यादो से दिल मे चिराग जलते है हम नही घरवाले कहते है हम तो निद मे भी चलते है शायद वो कदम हम आपकी ओर बडाते हो चाहत का दूसरा नाम दिया है तुमने की कुछ तो है की कभी ना चाके भी नम्बर आपका ही लग जाता है कुछ तो है पर बहूत कुछ कह गई खामोशी मगर जुबा खुली भी ना थी और कुछ तो है मै बात हो गई प्यार कुछ भी मगर सच्चा प्यार कुछ तो है मे ही है क्योकी कई लोग छुपाते है तो कई बया कर देते है इस कुछ तो है को पडके आपके दिल मे भी कुछ तो है जो सब कुछ खामोशी से पड गये

Anonymous said...

तुम कोण हो भाई?

Unknown said...

मेरा भी यही हालत हैं ।